Monday, April 19, 2010

Kamuk kahaaniya-किरण की कहानी पार्ट--1

raj sharma stories राज शर्मा की कामुक कहानिया हिंदी कहानियाँ
हिंदी सेक्सी कहानिया चुदाई की कहानियाँ उत्तेजक कहानिया rajsharma ki kahaniya ,रेप कहानिया ,सेक्सी कहानिया , कलयुग की सेक्सी कहानियाँ , मराठी सेक्स स्टोरीज , चूत की कहानिया , सेक्स स्लेव्स ,

किरण की कहानी पार्ट--1
लेखक-- दा ग्रेट वोरिअर
हिंदी फॉण्ट बाय राज शर्मा
हेलो दोस्तो. एक नई कहानी लिखी है पढ़ के बताइए के कैसी लगी. कहानी कुछ ज़ियादा ही लंबी हो गई है पर आइ एम शुवर के आप को पसंद आएगी. मुझे मैल करना के कहानी कैसी लगी. थॅंक्स इन अड्वान्स.
मेरी एक नेट फ्रेंड है किरण. किरण एक शादी शुदा लड़की (औरत) है. लड़की इस लिए के अभी उसकी एज छोटी ही है और औरत इस लिए के उसकी शादी हो चुकी है और उसकी चुदाई भी हो चुकी है. किरण एक बोहोत ही अछी लड़की है यह मैं इस लिए जानता हू के मैं उस से चॅट करता रहता हू और मैं किरण से इंट्रोडक्षन करवाने के लिए अपनी एक और फ्रेंड ईशा जो कहने को तो शिकागो, अमेरिका मे रहती है पर सच तो यह है के ईशा मेरे दिल मे रहती है और मेरा दिल ईशा के नाम से ही धड़कता है मैं उसको अपनी जान से ज़ियादा प्यार करता हू और अपनी इशू जान का शुक्रिया अदा करना चाहता हू. ईशा मेरी जान थॅंक्स फॉर दा इंट्रोडक्षन. आइ लव यू बोथ.
किरण की शादी को लग भाग 7 – 8 महीने हुए हैं. इंडिया के ही एक बड़े मेट्रोपोलिटन सिटी मे रहती है. उस ने मुझे अपनी जीवन की बोहोत सारी घटनाएँ बताई है जो उसके साथ घटी है और वो चाहती है के मैं उसकी ज़िंदगी के बारे मे एक कहानी लिखू. उसने मेरी लिखी हुई कहानिया पढ़ी हैं और मेरी स्टोरी राइटिंग की स्किल से इंप्रेस हो के उसने मुझ से रिक्वेस्ट की है तो इसी लिए मैं लिख रहा हू. मेरी उस से चॅट होती रहती है और चॅट करते समय उसने अपने बारे मे सब कुछ बता दिया जिसको मैं ने नोट कर लिया और एक कहानी की तरह से लिख दिया. सब से पहले यह कहानी उसके पास फॉर्वर्ड की उसके अप्रूवल के लिए और फिर कुछ चेंजस अडिशन्स के साथ और उसकी इजाज़त से ही यह आप सब लोगो के लिए भेज रहा हू. होप के आप को भी पसंद आएगी. मुझे ज़रूर मैल करना के आप सब को यह कहानी कैसी लगी. आपको बता दू के यह कहानी हंड्रेड पर्सेंट सच है.
अब आगे की कहानी किरण की ज़ुबानी सुनिए :
मेरा नाम किरण है. मेरी एज 27 साल की है. गोरा चिटा रंग. 5’ 6” की नॉर्मल हाइट. चेहरा बदन 36 द – 32 – 36 का मेरा फिगर है. लोग और मेरी सहेलिया कहती है के मैं खूबसूरत हू. मेरी शादी को तकरीबन 8 महीने हुए हैं. पति के साथ
सुहाग रात और बाकी की सेक्स लाइफ कैसे गुज़र रही है वो तो मैं आप को बताउन्गि ही लैकिन मैं आपको उस से पहले के कुछ और घटनाए सुना ने जा रही हू.
मैं उस समय इंटर के 2न्ड एअर (+2 ) के एग्ज़ॅम दे रही थी. उमर होगी कोई 16 साल के लग भग. मेरे फाइनल एग्ज़ॅम से पहले प्रिपॅरेटरी एग्ज़ॅम होने वाले थे. जन्वरी का महीना था बे इंतेहा सर्दी पड़ रही थी. मैं दो दो रज़ाई ( ब्लंकेट टाइप ऑफ कवर विथ कॉटन स्टफ्ड इनसाइड ) ओढ़ के पढ़ रही थी.
उन्न दीनो मेरे एक कज़िन सुनील जिनकी एज होगी कोई 29 – 30 साल की. उन्हो ने अपने सिटी मे कोई नया नया बिज़्नेस स्टार्ट किया हुआ था तो वो कुछ खरीदारी के लिए यहा आए हुए थे और हमारे घर मे ही ठहरे थे. हमारा घर एक डबल स्टोरी घर है ऊपेर सिर्फ़ एक मेरा रूम और दूसरा स्टोर रूम है जिस्मै हमारे घर के स्पेर बेड्स, ब्लॅंकेट्स, बेडशीट्स वाघहैरा रखे रहते हैं. जब उनकी ज़रूरत होती है तो निकाले जाते है मौसम के हिसाब से. और एक दूसरा रूम जिस्मै मैं अकेली रहती हू और अपनी पढ़ाई किया करती हू. मेरा रूम बोहोत बड़ा भी नही और बिल्कुल छोटा भी नही बॅस मीडियम साइज़ का रूम थे जिस्मै मेरा एक बेड पड़ा हुआ था. वो डबल बेड भी नही और सिंगल बेड भी नही बलके डबल से थोडा छोटा और सिंगल से थोड़ा बड़ा बेड था. इतना बड़ा के कभी कभी मेरी फ्रेंड रात मे मेरे साथ पढ़ने के लिए आती और रात मे रुक जाती तो हम दोनो इतमीनान से सो सकते थे. और रूम मे एक पढ़ाई की टेबल और कुर्सी रखी है. एक मेरी कपबोर्ड और एक मीडियम साइज़ का अटॅच्ड बाथरूम है जिस्मै वॉशिंग मशीन भी रखी हुई थी. घर मे नीचे तीन कमरे थे. एक मम्मी और डॅडी का बड़ा सा बेडरूम, दूसरा एक बड़ा हॉल जैसा ड्रॉयिंग रूम जिसके एक कॉर्नर मे डाइनिंग टेबल भी पड़ी हुई थी यह ड्रॉयिंग कम डाइनिंग रूम था और एक स्पेर रूम किसी भी गेस्ट्स वाघहैरा के लिए था जिस्मै सुनील को ठहराया गया था.
हा तो मैं पढ़ाई मे बिज़ी थी. सर्दी जम्म के पड़ रही थी. मैं अपना लहाफ़ ओढ़े बेड पे बैठे पढ़ रही थी. बाइयालजी का सब्जेक्ट था और मैं एक ज़ुवालजी की बुक पढ़ रही थी. इत्तेफ़ाक़ से मैं रिप्रोडक्टिव सिस्टम ही पढ़ रही थी. जिस्मै मेल और फीमेल ऑर्गन्स की डीटेल्स के साथ ट्रॅन्सवर्स सेक्षन की फिगर बनी हुई थी. रात काफ़ी हो चुकी थी मैं अपने पढ़ाई को फाइनल टचस दे रही थी. कुछ फिगर्स देख के बनाए हुए थे नोट्स के लिए उस मैं ही कोलौरिंग कर रही थी और साथ मे लेबलिंग कर रही थी.
रात के शाएद 11 बजे होंगे पर सर्दी होने की वजह से सब जल्दी ही सो गये थे जिस से लगता था के पता न्ही कितनी रात बीत चुकी हो. घर मे मेरी मम्मी और डॅडी नीचे ही रहते थे और डिन्नर के बाद अपनी दवाइयाँ खा के अपने रूम मे जा के सो चुके थे. अचानक सुनील मेरे कमरे मे अंदर आ गये. मैं देख के हैरान रह गई और पूछा के क्या बात है तो उस ने बताया के नींद नही आ रही थी और तुम्हारे रूम की लाइट्स जलती देखी तो ऐसे ही चला आया के देखु तो सही के तुम सच मे अपनी पढ़ाई कर रही हो ( एक आँख बंद कर के ) या कुछ और.
मैं ने कहा के देख लो अपने कोर्स का ही पढ़ रही हू मेरे एग्ज़ॅम्स हैं मैं कोई खेल तमाशा नही कर रही हू. उस ने कहा के लाओ देखु तो सही के तुम क्या पढ़ रही हो और मेरे नोट्स और रेकॉर्ड बुक अपने हाथ मे ले के देखने लगा. सर्दी के मारे उसका भी बुरा हाल हो गया तो वो भी मेरे साथ ही लहाफ़ के अंदर घुस आया और मेरे बाज़ू मे बैठ गया.
रेकॉर्ड बुक के स्टार्टिंग मे तो माइक्रोस्कोप की फिगर थी और फिर सेल का डाइयग्रॅम था उसके बाद ऐसे हो छोटे मोटे डाइयग्रॅम्स फिर फाइनली उसने वो पेज खोल लिया जिस्मै मैं ने मेल और फीमेल के रिप्रोडक्टिव सिस्टम का डाइयग्रॅम बनाया हुआ था. मेरी तरफ मुस्कुरा के देखा और बोला के क्या यह भी तुम्हारे कोर्स मे है. मैं ने कहा हा तो उस ने कहा के अछा मुझे भी तो समझाओ के यह सिस्टम कैसे वर्क करता है. मैं शरम से पानी पानी हुई जा रही थी. मैं ने कहा मुझे नही पता तुम खुद भी तो साइन्स के स्टूडेंट थे अपने आप ही पढ़ लो और समझ लो. उस ने फिर से पूछा के तुम्है समझ मे नही आया क्या यह सिस्टम तो मैं ने कहा के नही तो उसने फिर पूछा के मैं समझा दू तो मेरे मूह से अंजाने मे “हूँ” निकल गया. उसने कहा थे ठीक है मैं समझाता हू और मेरी बुक और मेरी रेकॉर्ड बुक को खोल के पकड़ लिया.
हम दोनो बाज़ू बाज़ू मे बैठे थे. मैं घुटने मोड़ के बैठी थी और वो पलटी (क्रॉस लेगेड) मार के बैठा था. अब उसने मुझे समझाना शुरू क्या के यह है फीमेल का रिप्रोडक्टिव ऑर्गन इसे इंग्लीश मैं वेजाइना, पुसी या कंट कहते है और हिन्दी मे योनि या चूत कहते हैं. मैं शरम के मारे एक दम से लाल हो गई पर कुछ कहा नही. फिर उसने डीटेल बताना शुरू किया के यह है लेबिया मेजॉरा जिसे पुसी के लिप्स कहते है और यह उसके अंदर लेबिया मिनोरा यह डार्क पिंक कलर का या लाल कलर का होता है और यह उसके ऊपेर जो छोटा सा बटन जैसा बना हुआ है वो क्लाइटॉरिस या हिन्दी मे घुंडी या चूत का दाना भी कहते हैं और जब इसको धीरे धीरे से रगड़ा जाता है या मसाज किया जाता है तो यह जो चूत का सुराख नज़र आ रहा
है इस मे से पानी निकलना शुरू हो जाता है. या फिर अगर लड़की बोहोत ही एग्ज़ाइटेड हो जाती है तो ये निकलने वाले जुजिसे से चूत गीली हो जाती है जो के रिप्रोडक्षन के इनिशियल काम को आसान बना देती है. इतना सुनना था के मेरी चूत मे से समंदर जितना जूस निकलने लगा और चूत भर गई.
अब यह देखो दूसरी फिगर यह मेल रिप्रोडक्टिव ऑर्गन है. इसे इंग्लीश मे पेनिस या कॉक कहते है और हिन्दी मे लंड या लौदा कहते हैं. यह नॉर्मल हालत मे ऐसे ही ढीला पड़ा रहता है जैसे के पहली पिक्चर मे है ( दो डाइयग्रॅम्स थे. एक मे नों एरेक्टेड पेनिस था दूसरे मे फुल्ली एरेक्टेड पेनिस था ) . और जब यह बोहोत एग्ज़ाइटेड हो जाता है तो यह दूसरी फिगर की तरह खड़ा हो जाता है. यह पेनिस के अंदर जो ब्लड वेसल्स है इन्न मे डॉरॅन खून (ब्लड सर्क्युलेशन) बढ़ जाता है और उसकी वजह से मसल्स अकड़ के लंड लंबा मोटा और सख़्त हो जाता है और मेरा हाथ पकड़ के अपने आकड़े हुए लंड पे रख दिया और कहा ऐसे .
अब मेरी साँसें तेज़ी से चलने लगी थी बदन मे इतनी गर्मी आ गई थी के मुझे लग रहा था मानो मेरा बदन किसी आग मे जल रहा हो. और यह देखो उसने मेरा हाथ लंड के नीचे किया और कहा इसके नीचे जो यह दो बॉल्स दिखाई दे रहे हैं इन्है इंग्लीश मे टेस्टिकल्स या स्क्रोटम और हिन्दी मे अंडे भी कहते हैं. यह आक्च्युयली स्पर्म प्रोड्यूसिंग फॅक्टरी है जहा स्पर्म बनते हैं. यह स्पर्म जब मेल के ऑर्गन से ट्रान्स्फर हो के फीमेल के ऑर्गन मे जाता है तो बचा पैदा होता है. मेरा मानो बुरा हाल हो गया था कुछ समझ मे नही आ रहा था के क्या कहु और सुनील था के बॅस एक प्रोफेसर की तरह से लेक्चर दिए जा रहा था. मैं अंजाने मे उसका तना हुआ लंड अपने हाथ मे पकड़े बैठी थी मुझे इतना होश भी नही था के मैं अपना हाथ उसके लंड पे से हटा लू.
जब मेल का यह एरेक्ट लंड फीमेल की चूत के अंदर जाता है और चुदाई करते करते जब एग्ज़ाइट्मेंट और मज़ा बढ़ जाता है तो अपना स्पर्म चूत के अंदर यह जो बचे दानी दिख रही है उसके मूह पे छोड़ देता है जिस से स्पर्म बचे दानी के खुले मूह के अंदर चला जाता है और बचा पैदा होता है. मुझे पता ही नही चला के उसका एक हाथ तो मेरी चूत पे है जिसका वो मसाज कर रहा है और मेरा हाथ उसके लंड को पकड़े हुए था और मैं अंजाने मे उसके मोटे लंड को दबा रही थी. यह पहला मोका था के मैं ने किसी के लंड को अपने हाथो मे पकड़ा हो. उसने फिर कहा के देखो कैसी गीली हो गई है तुम्हारी चूत ऐसे ही हो जाती है एग्ज़ाइट्मेंट के टाइम पे. तब मुझे एहसास हुआ के यह मैं क्या कर रही हू और एक दम से
अपना हाथ उसके लंड पे से खेच लिया लैकिन उसने अपने हाथ मेरी चूत पे से नही हटाया. मेरी नाइटी मे हाथ डाले हुए ही था और मेरी चूत का मसाज करता ही जा रहा था जिस से मेरी चूत बोहोत गीली हो चुकी थी,
सुनील हस्ने लगा और बोला के डरती कियों हो मैं तो तुम्है थियरी के साथ प्रॅक्टिकल भी बता रहा था ताके तुम अछी तरह से समझ सको. बॅस इतना कहा उसने और एलेक्ट्रिसिटी चली गई और बल्ब बुझ गया और कमरे मे अंधेरा छा गया. मैं तो बे तहाशा गरम और गीली हो चुकी थी साँसें तेज़ी से चल रही थी दिमाग़ और बदन मे सन सनाहट दौड़ रही थी ब्लड सर्क्युलेशन हंड्रेड टाइम्स बढ़ चुका था चेहरा लाल हो गया था गहरी गहरी सांस ले रही थी. उसने मुझे धीरे से पुश किया और मैं बेड पे सीधे लेट गई. वो मेरी साइड मे था उसका हाथ अभी भी चूत पे था मुझे इतना होश भी नही था के मैं उसका हाथ पकड़ के हटा दूं.
बॅस ऐसे ही चित्त लेटी रही और अंजाने मे मेरी टाँगे भी खुल गई थी और वो मेरी चूत का अछी तरह से मसाज कर रहा था. मुझे बोहोत ही मज़ा आ रहा था. अब उसने फिर मेरा हाथ पकड़ के अपने आकड़े हुए लंड पे रख दिया और मेरे हाथ को अपने हाथो से ऐसे दबाया जैसे मैं उसका लंड दबा रही हू. बहुत मोटा, सख़्त और गरम था उसका लंड. उसन्ने एलास्टिक वाला जॉगिंग पॅंट पहना था जिसको उसने अपने घुटनो तक खिसका दिया था और मेरे हाथ मे अपना लंड थमा दिया था और मैं हमेशा की तरह बिना पॅंटी और बिना ब्रस्सिएर के नाइटी पहनी थी मुझे क्या मालूम था के ऐसे होने वाला है. मैं तो रोज़ रात को सोने के टाइम पे अपनी पॅंटी और ब्रस्सिएर निकल के ही सोती थी.
उसका हाथ मेरे सर के नीचे था उसने दूसरे हाथ से मुझे अपनी तरफ करवट दिला दी अब हम दोनो एक दूसरे की तरफ मूह करके करवट से लेटे थे. उसने मुझे किस करना शुरू किया तो मेरा मूह बे-इख्तेयार ऑटोमॅटिकली खुल गया और उसकी ज़बान मेरी मूह के अंदर घुस चुकी थी और मैं उसकी ज़बान को ऐसे एक्षपेरेट की तरह चूस रही थी जैसे मैं फ्रेंच किस्सिंग मैं कोई एक्सपर्ट हू हालाँके यह मेरी ज़िंदगी का पहला टंग सकिंग फ्रेंच किस था. मेरे बदन मे जैसे हल्के हल्के एलेक्ट्रिक शॉक्स जैसे लग रहे थे.
मैं सुनील के राइट साइड पे थी और वो मेरे लेफ्ट साइड पे. अब उस ने अपने पैरो को चलाते हुए अपनी जॉगिंग पॅंट भी निकाल दी और अपनी टी-शर्ट भी वो पूरे का पूरा नंगा हो गया था उसके सीने के बॉल मेरे नाइटी के ऊपेर से ही मेरे बूब्स पे लग रहे थे और मेरे निपल्स खड़े हो गये थे. सुनील ने मेरी
राइट लेग को उठा के अपने लेफ्ट थाइ पे रख लिया ऐसा करने से मेरी नाइटी थोड़ी सी ऊपेर उठ गई तो उसने मेरे थाइस पे हाथ फेरते फेरते नाइटी को ऊपेर उठाना शुरू किया और मेरे सहयोग से पूरी नाइटी निकाल दी. मैं एक दम से अपने होश ओ हवास खो चुकी थी और ऑटोमॅटिकली वो जैसे कर रहा था करने दे रही थी और पूरा मज़ा ले रही थी.
हम दोनो एक दूसरे की तरफ करवट लिए लेटे थे और मेरी एक टांग उसके थाइ पे थी और अब उसने मेरे बूब्स को मसलना शुरू कर दिया और फिर उन्है मूह मे ले के चूसने लगा. बूब्स को मूह मे लेते ही मेरे बदन मे एलेक्ट्रिक करेंट दौड़ गया तो मैं ने उसका लंड छोड़ के उसका सर पकड़ के अपने सीने मे घुसा दिया वो ज़ोर ज़ोर से मेरी चूचिओ को चूस रहा था और उसका लंड जोश मे हिल रहा था. लंड का सूपड़ा मेरी चूत के लिप्स को टच कर रहा था. लंड के सुराख मे से प्री कम भी निकल रहा था. उसने मेरा हाथ अपने सर से हटाया और फिर से अपने लंड पे रख दिया और मैं ऑटोमॅटिकली उसको दबाने लगी और वो मेरी चूत का मसाज करने लगा ऊपेर से नीचे कभी चूत के सुराख मे धीरे से उंगली डाल देता कभी चूत के लिप्स के अंदर ही ऊपेर से नीचे और कभी मेरी क्लाइटॉरिस को मसल देता तो मैं जोश मे पागल हो जाती. मेरी एक टंग उसकी थाइस पे रखे रहने की वजह से मेरी चूत थोड़ी सी खुल गई थी और लंड का सूपड़ा चूत से टच हो रहा था तो मैं ने उसके लंड को पकड़े पकड़े अपनी चूत के अंदर रगड़ना शुरू कर दिया. मैं मस्ती से पागल हुई जा रही थी. मुझे लग रहा था जैसे मेरे अंदर कोई लावा उबल रहा है जो बहेर आने को बेचैन है. इसी तरह से मैं उसके लंड को अपनी चूत मे रगड़ती रही और लंड मे से निकला हुआ प्री कम और मेरी चूत का बहता हुआ जूस मिल के चूत को और ज़ियादा स्लिपरी बना रहे थे और मेरे मस्ती के मारे बुरा हाल हो चुका था अब मे चाह रही थी के यह लंड मेरी चूत के अंदर घुस जाए और मुझे चोद डाले.


Kiran Ki Kahani part--1

Hello Dosto. Ek Nai kahani likhi hai padh ke bataiye ke kaisi lagi. Kahani kuch ziada hi lambi ho gai hai par I am sure ke aap ko pasand ayegi. Mujhe mail karna ke kahani kaisi lagi. Thanks in advance.
Meri Ek net friend hai Kiran. Kiran ek shadi shuda ladki (aurat) hai. Ladki is liye ke abhi uski age choti hi hai aur Aurat is liye ke uski shadi ho chuki hai aur uski chudai bhi ho chuki hai. Kiran ek bohot hi achi ladki hai yeh mai iss liye janta hu ke mai us se chat karta rehta hu aur mai Kiran se Introduction karwane ke liye apni ek aur friend Isha jo kehne ko to Chicago, America mai rehti hai par sach to yeh hai ke Isha mere dil mai rehti hai aur mera dil Isha ke naam se hi dhadakta hai mai usko apni jaan se ziada pyar karta hu aur apni Ishu Jaan ka shukria ada karna chahta hu. Isha meri jaaanu thanks for the the introduction. I Love you both.
Kiran ki Shadi ko lag bhag 7 – 8 mahine hue hain. India ke hi ek bade metropolitan city mai rehti hai. Us ne mujhe apni jeevan ki bohot sari ghatnayen batai hai jo uske sath ghati hai aur woh chahti hai ke mai uski zindagi ke bare me ek kahani likhu. Usne meri likhi hui kahaniya padhi hain aur meri story writing ki skill se impress ho ke usne mujh se request ki hai to isi liye mai likh raha hu. Meri us se chat hoti rehti hai aur chat karte samaye usne apne bare mai sab kuch bata dia jisko mai ne note kar lia aur ek kahani ki tarah se likh dia. Sab se pehle yeh kahani uske pas forward ki uske approval ke liye aur phir kuch changes additions ke sath aur uski ijazat se hi yah aap sab logo ke liye bhej raha hu. Hope ke aap ko bhi pasand ayegi. Mujhe zaroor mail karna ke aap sab ko yah kahani kaisi lagi. Aapko bata du ke yeh Kahani hundred percent sach hai.
Ab Aage ki kahani Kiran ki Zubani suniye :
Mera Naam Kiran hai. Meri age 27 saal ki hai. Gora Chitta rang. 5’ 6” ki normal height. Chahrera badan 36 D – 32 – 36 ka mera figure hai. Log aur meri saheliya kehti hai ke mai khubsurat hu. Meri shadi ko takreeban 8 mahine hue hain. Pati ke sath
Suhaag Raat aur baki ki sex life kaise guzar rahi hai woh to mai ap ko bataugi hi laikin mai aapko us se pehle ke kuch aur ghatnaye suna ne ja rahi hu.
Mai us samay Inter ke 2nd year (+2 ) ke exam de rahi thi. Umar hogi koi 16 saal ke lag bhag. Mere final exam se pehle preparatory exam hone wale the. January ka mahina tha be inteha sardi pad rahi thi. Mai do do razaiye ( blanket type of cover with cotton stuffed inside ) odh ke padh rahi thi.
Unn dino mere ek cousin Sunil jinki age hogi koi 29 – 30 saal ki. Unho ne apne city mai koi naya naya business start kia hua tha to woh kuch kharidari ke liye yaha aye hue the aur hamare ghar mai hi thehre the. Hamara ghar ek double story ghar hai ooper sirf ek mera room aur doosra store room hai jismai hamare ghar ke spare beds, blankets, bedsheets waghaira rakhe rehte hain. Jab unki zaroorat hoti hai to nikale jate hai mousam ke hisaab se. Aur ek doosra room jismai mai akeli rehti hu aur apni padhai kia karti hu. Mera room bohot bada bhi nahi aur bilkul chota bhi nahi bass medium size ka room the jismai mera ek bed pada hua the. Woh double bed bhi nahi aur single bed bhi nahi balke double se thoda chota aur single se thoda bada bed the. Itna bada ke kabhi kabhi meri friend raat mai mere sath padhne ke liye aati aur raat mai ruk jati to ham dono itmenan se so sakte the. Aur room mai ek padhai ki table aur chiar rakhi hai. Ek meri cupboard aur ek medium size ka attached bathroom hai jismai washing machine bhi rakhi hui thi. Ghar mai neeche teen kamre the. Ek Mummy aur Daddy ka bada sa bedroom, doosra ek bada hall jaisa drawing room jiske ek corner mai dining table bhi padi hui thi yeh drawing cum dining room tha aur ek spare room kisi bhi guests waghaira ke liye tha jismai sunil ko thairaya gaya tha.
Haa to mai padhai mai busy thi. Sardi jamm ke pad rahi thi. Mai apna lehaf odhe bed pe baithe padh rahi thi. Biology ka subject that aur mai ek Zoology ki book padh rahi thi. Ittefaq se mai Reproductive System hi padh rahi thi. Jismai Male aur Female organs ki details ke sath Transverse Section ki figure bani hui thi. Raat kaafi ho chuki thi mai apne padhai ko final touches de rahi thi. Kuch figures dekh ke banaye hue the notes ke liye us mai hi colouring kar rahi thi aur sath mai labelling kar rahi thi.
Raat ke shaed 11 baje honge par sardi hone ki wajah se sab jaldi hi so gaye the jis se lagta tha ke pata nhi kitni raat beet chuki ho. Ghar mai meri Mummy aur Daddy neeche hi rehte the aur dinner ke bad apni dawaiyan kha ke apne room mai ja ke so chuke the. Achanak Sunil mere kamre mai ander aa gaye. Mai dekh ke hairan reh gai aur pucha ke kia bat hai to us ne bataya ke neend nahi aa rahi thi aur tumhare room ki lights jalti dekhi to aise hi chala aaya ke dekhu to sahi ke tum sach mai apni padhai kar rahi ho ( Ek aankh band kar ke ) ya kuch aur.
Mai ne kaha ke dekh lo apne course ka hi padh rahi hu mere exams hain mai koi khel tamasha nahi kar rahi hu. Us ne kaha ke lao dekhu to sahi ke tum kia pad rahi ho aur mere notes aur record book apne hath me le ke dekhne laga. Sardi ke mare uska bhi bura hal ho gaya to woh bhi mere sath hi lehaf ke ander ghus aaya aur mere bazu mai baith gaya.
Record book ke starting mei to Microscope ki figure thi aur phir Cell ka diagram tha uske bad aise ho chote mote diagrams phir finally usne wo page khol lia jismai mai ne male aur female ke reproductive system ka diagram banaya hua tha. Meri taraf muskura ke Dekha aur bola ke kia yah bhi tumhare course mai hai. Mai ne kaha haa to us ne kaha ke acha mujhe bhi to samjhao ke yeh system kaise work karta hai. Mai sharam se pani pani hui ja rahi thi. Mai ne kaha mujhe nahi pata tum khud bhi to science ke student the apne ap hi padh lo aur samajh lo. Us ne phir se pucha ke tumhai samajh mai nahi aaya kia yeh system to mai ne kaha ke nahi to usne phir pucha ke mai samjha du to mere muh se anjaane mai “HOON” nikal gaya. Usne kaha the theek hai mai samjhata hu aur meri book aur meri record book ko khol ke pakad liya.
Ham dono bazu bazu mai baithe the. Mai ghutne mod ke baithi thi aur woh palti (Cross legged) mar ke baitha tha. Ab usne mujhe samjhana shuru kia ke yah hai Female ka reproductive organ ise English mai Vagina, Pussy ya Cunt kehte hai aur Hindi mai Yoni ya Choot kehte hain. Mai sharam ke mare ek dum se laal ho gai par kuch kaha nahi. Phir usne detail batana shuru kia ke yah hai Labia Majora jise Pussy ke lips kehte hai aur yeh uske ander Labia Minora yeh dark pink colour ka ya laal colour ka hota hai aur yeh uske ooper jo chota sa button jaisa bana hua hai woh Clitoris ya hindi mai Ghundi ya choot ka dana bhi kehte hain aur jab isko dheere dheere se ragda jata hai ya massage kia jata hai to yeh jo choot ka surakh nazar aa raha
hai iss mai se pani nikalna shuru ho jata hai. Ya phir agar ladki bohot hi excited ho jati hai to ye nikalne wale jujice se choot geeli ho jati hai jo ke reproduction ke initial kaam ko asaan bana deti hai. Itna sunna tha ke meri choot mai se samandar jitna juice nikalne laga aur choot bhar gai.
Ab yeh dekho doosri figure yeh Male Reproductive Organ hai. Ise English mai Penis ya Cock kehte hai aur Hindi mai Lund ya Louda kehte hain. Yeh normal halat mai aise hi dheela pada rehta hai jaise ke pehli picture mai hai ( do diagrams the. Ek mai non erected penis tha doosre mai fully erected penis tha ) . Aur jab yeh bohot excited ho jata hai to yeh doosri figure ki tarah khada ho jata hai. Yeh penis ke ander jo blood vessels hai inn mai doran khoon (blood circulation) badh jata hai aur uski wajah se muscles akad ke lund lamba mota aur sakht ho jata hai aur mera hath pakad ke apne akde hue lund pe rakh dia aur kaha aise .
Ab meri saansein tezi se chalne lagi thi badan mai itni garmi aa gai thi ke mujhe lag raha tha mano mera badan kisi aag mai jal raha ho. Aur yeh dekho usne mera hath lund ke neeche kia aur kaha iske neeche jo yeh do balls dikhai de rahe hain inhain English mai Testicles ya Scrotum aur Hindi mai Ande bhi kehte hain. Yeh actually sperm producing factory hai jaha sperm bante hain. Yeh sperm jab male ke organ se transfer ho ke female ke organ mai jata hai to bacha paida hota hai. Mera mano bura haal ho gaya tha kuch samajh mai nahi aa raha tha ke kia kahu aur sunil tha ke bass ek professor ki tarah se lecture diye ja raha tha. Mai anjaane mai uska tana hua Lund apne hath mai pakde baithi thi mujhe itna hosh bhi nahi tha ke mai apna hath uske Lund pe se hata lu.
Jab Male ka yeh erect Lund Female ki Choot ke ander jata hai aur chudai karte karte jab excitement aur maza badh jata hai to apna sperm choot ke ander yeh jo bache dani dikh rahi hai uske muh pe chod deta hai jis se sperm bache dani ke khule muh ke ander chala jata hai aur bacha paida hota hai. Mujhe pata hi nahi chala ke uska ek hath to meri choot pe hai jiska woh massage kar raha hai aur Mera hath uske lund ko pakde hue tha aur mai anjaane mai uske mote lund ko daba rahi thi. Yeh pehla moka tha ke mai ne kisi ke Lund ko apne hatho mai pakda ho. Usne phir kaha ke dekho kaisi geeli ho gai hai tumhari choot aise hi ho jati hai excitement ke time pe. Tabb mujhe ehsaas hua ke yeh mai kia kar rahi hu aur ek dum se
apna hath uske lund pe se khech lia laikin usne apne hath meri choot pe se nahi hataya. Meri nighty mai hath dale hue hi tha aur meri choot ka massage karta hi ja raha tha jis se meri choot bohot geeli ho chuki thi,
Sunil hasne laga aur bola ke darti kiyon ho mai to tumhai theory ke sath practical bhi bata raha tha taake tum achi tarah se samajh sako. Bass itna kaha usne aur electricity chali gai aur bulb bujh gaya aur kamre mai andhera chaa gaya. Mati to be tahasha garam aur geeli ho chuki thi saansein tezi se chal rahi thi dimagh aur badan mai san sanaahat doud rahi thi blood circulation hundred times badh chuka tha chehra laal ho gaya tha gehri gehri sans le rahi thi. Usne mujhe dheere se push kia aur mai bed pe seedhe let gai. Woh meri side mai tha uska hath abhi bhi choot pe tha mujhe itna hosh bhi nahi tha ke mai uska hath pakad ke hata dun.
Bass aise hi chitt leti rahi aur anjaane mai meri tange bhi khul gai thi aur woh meri choot ka achi tarah se massage kar raha tha. Mujhe bohot hi maza aa raha tha. Ab usne phir mera hath pakad ke apne akde hue Lund pe rakh dia aur mere hath ko apne hatho se aise dabaya jaise mai uska lund daba rahi hu. Bohot mota, sakht aur garam tha uska Lund. Usnne elastic wala jogging pant pehna tha jisko usne apne ghutno tak khiska dia tha aur mere hath mai apna Lund thama dia tha aur mai hamesha ki tarah bina panty aur bina brassier ke nighty pehni thi mujhe kia malum tha ke aise hone wala hai. mai to roz raat ko sone ke time pe apni panty aur brassier nikal ke hi soti thi.
Uska hath mere sar ke neeche tha usne doosre hath se mujhe apni taraf karwat dila di ab ham dono ek doosre ki taraf muh karke karwat se lete the. Usne mujhe kiss karna shuru kia to mera muh be-ikhteyaar automatically khul gaya aur uski zaban meri muh ke ander ghus chuki thi aur mai uski zaban ko aise experet ki tarah choos rahi thia jaise mai French kissing mai koi expert hu halaanke yah meri zindagi ka pehla tongue sucking French kiss tha. Mere badan mai jaise halke halke electric shocks jaise lag rahe the.
Mai sunil ke right side pe thi aur woh mere left side pe. Ab us ne apne pairo ko chalate hue apni jogging pant bhi nikal di aur apni t-shirt bhi woh poore ka poora nanga ho gaya tha uske seene ke baal mere nighty ke ooper se hi mere boobs pe lag rahe the aur mere nipples khade ho gaye the. Sunil ne meri
right leg ko utha ke apne left thigh pe rakh lia aisa karne se meri nighty thodi si ooper uth gai to usne mere thighs pe hath pherte pherte nighty ko ooper uthana shuru kia aur mere sahyog se poori nighty nikal di. Mei ek dum se apne hosh o hawas kho chuki thi aur automatically woh jaise kar raha tha karne de rahi thi aur poora maza le rahi thi.
Ham dono ek doosre ki taraf karwat liye lete the aur meri ek tang uske thigh pe thi aur ab usne mere boobs ko msasalna shuru kar dia aur phir unhai muh me le ke choosne laga. Boobs ko muh mai lete hi mere badan mai electric current doud gaya to mai ne uska Lund chor ke uska sar pakad ke apne seene mai ghusa dia woh zor zor se meri choochion ko choos raha tha aur uska Lund josh mai hil raha tha. Lund ka supada meri choot ke lips ko touch kar raha tha. Lund ke surakh mai se pre cum bhi nikal raha tha. Usne mera hath apne sar se hataya aur phir se apne Lund pe rakh dia aur mai automatically usko dabane lagi aur woh meri choot ka massage karne laga ooper se neeche kabhi choot ke surakh mai dheere se ungli dal deta kabhi choot ke lips ke ander hi ooper se neeche aur kabhi meri clitoris ko masal deta to mai josh mai pagal ho jati. Meri ek tang uski thighs pe rakhe rehne ki wajah se meri choot thodi si khul gai thi aur Lund ka supada choot se touch ho raha tha to mai ne uske Lund ko pakde pakde apni choot ke ander ragadna shuru kar dia. Mai masti se pagal hui ja rahi thi. Mujhe lag raha tha jaise mere ander koi lawa ubal raha hai jo baher aane ko bechain hai. Isi tarah se mai uske Lund ko apni choot mai ragadti rahi aur Lund mai se nikla hua pre cum aur meri choot ka behta hua juice mil ke choot ko aur ziada slippery bana rahe the aur mere masti ke mare bura haal ho chuka tha ab mai chah rahi thi ke yeh lund meri choot ke ander ghuss jaye aur mujhe chod dale.












आपका दोस्त राज शर्मा
साधू सा आलाप कर लेता हूँ ,
मंदिर जाकर जाप भी कर लेता हूँ ..
मानव से देव ना बन जाऊं कहीं,,,,
बस यही सोचकर थोडा सा पाप भी कर लेता हूँ
आपका दोस्त
राज शर्मा

(¨`·.·´¨) Always
`·.¸(¨`·.·´¨) Keep Loving &
(¨`·.·´¨)¸.·´ Keep Smiling !
`·.¸.·´ -- raj

































































































































































Tags = राज शर्मा की कामुक कहानिया हिंदी कहानियाँ Raj sharma stories , kaamuk kahaaniya , rajsharma
हिंदी सेक्सी कहानिया चुदाई की कहानियाँ उत्तेजक कहानिया
Future | Money | Finance | Loans | Banking | Stocks | Bullion | Gold | HiTech | Style | Fashion | WebHosting | Video | Movie | Reviews | Jokes | Bollywood | Tollywood | Kollywood | Health | Insurance | India | Games | College | News | Book | Career | Gossip | Camera | Baby | Politics | History | Music | Recipes | Colors | Yoga | Medical | Doctor | Software | Digital | Electronics | Mobile | Parenting | Pregnancy | Radio | Forex | Cinema | Science | Physics | Chemistry | HelpDesk | Tunes| Actress | Books | Glamour | Live | Cricket | Tennis | Sports | Campus | Mumbai | Pune | Kolkata | Chennai | Hyderabad | New Delhi | पेलने लगा | कामुकता | kamuk kahaniya | उत्तेजक | सेक्सी कहानी | कामुक कथा | सुपाड़ा |उत्तेजना | कामसुत्रा | मराठी जोक्स | सेक्सी कथा | गान्ड | ट्रैनिंग | हिन्दी सेक्स कहानियाँ | मराठी सेक्स | vasna ki kamuk kahaniyan | kamuk-kahaniyan.blogspot.com | सेक्स कथा | सेक्सी जोक्स | सेक्सी चुटकले | kali | rani ki | kali | boor | हिन्दी सेक्सी कहानी | पेलता | सेक्सी कहानियाँ | सच | सेक्स कहानी | हिन्दी सेक्स स्टोरी | bhikaran ki chudai | sexi haveli | sexi haveli ka such | सेक्सी हवेली का सच | मराठी सेक्स स्टोरी | हिंदी | bhut | gandi | कहानियाँ | चूत की कहानियाँ | मराठी सेक्स कथा | बकरी की चुदाई | adult kahaniya | bhikaran ko choda | छातियाँ | sexi kutiya | आँटी की चुदाई | एक सेक्सी कहानी | चुदाई जोक्स | मस्त राम | चुदाई की कहानियाँ | chehre ki dekhbhal | chudai | pehli bar chut merane ke khaniya hindi mein | चुटकले चुदाई के | चुटकले व्‍यस्‍कों के लिए | pajami kese banate hain | चूत मारो | मराठी रसभरी कथा | कहानियाँ sex ki | ढीली पड़ गयी | सेक्सी चुची | सेक्सी स्टोरीज | सेक्सीकहानी | गंदी कहानी | मराठी सेक्सी कथा | सेक्सी शायरी | हिंदी sexi कहानिया | चुदाइ की कहानी | lagwana hai | payal ne apni choot | haweli | ritu ki cudai hindhi me | संभोग कहानियाँ | haveli ki gand | apni chuchiyon ka size batao | kamuk | vasna | raj sharma | sexi haveli ka sach | sexyhaveli ka such | vasana ki kaumuk | www. भिगा बदन सेक्स.com | अडल्ट | story | अनोखी कहानियाँ | कहानियाँ | chudai | कामरस कहानी | कामसुत्रा ki kahiniya | चुदाइ का तरीका | चुदाई मराठी | देशी लण्ड | निशा की बूब्स | पूजा की चुदाइ | हिंदी chudai कहानियाँ | हिंदी सेक्स स्टोरी | हिंदी सेक्स स्टोरी | हवेली का सच | कामसुत्रा kahaniya | मराठी | मादक | कथा | सेक्सी नाईट | chachi | chachiyan | bhabhi | bhabhiyan | bahu | mami | mamiyan | tai | sexi | bua | bahan | maa | bhabhi ki chudai | chachi ki chudai | mami ki chudai | bahan ki chudai | bharat | india | japan |यौन, यौन-शोषण, यौनजीवन, यौन-शिक्षा, यौनाचार, यौनाकर्षण, यौनशिक्षा, यौनांग, यौनरोगों, यौनरोग, यौनिक, यौनोत्तेजना,

No comments:

Raj-Sharma-Stories.com

Raj-Sharma-Stories.com

erotic_art_and_fentency Headline Animator